The GK Library में आपका बहुत-बहुत स्वागत है दोस्तों!
कैसे चल रही है आप सभी की UPSC, SSC और Banking परीक्षाओं की तैयारी?
आज हम पिछले 24 घंटों की उन चुनिंदा घटनाओं का deep analysis करेंगे। विशेष रूप से, यह सबसे महत्वपूर्ण राष्ट्रीय, अंतर्राष्ट्रीय, आर्थिक और तकनीकी घटनाओं को कवर करेगा।
निश्चित रूप से, ये वही महत्वपूर्ण प्रश्न हैं जो सीधे आपके एग्जाम पेपर में छप सकते हैं।
यह बेहतरीन कंटेंट खास तौर पर Daily Current Affairs और लेटेस्ट पैटर्न को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।
इसलिए, बिना किसी देरी के चलिए आज का यह अहम सेशन शुरू करते हैं!
National Current Affairs

हाल ही में नीति आयोग (NITI Aayog) ने सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) पर अपनी ताज़ा रिपोर्ट जारी की है।
दरअसल, यह SDG इंडेक्स असल में यह मापता है कि हमारे राज्य विकास में कहां खड़े हैं। इसके अलावा, यह केंद्र शासित प्रदेशों की प्रगति भी स्पष्ट करता है।
अगर आप UPSC या State PCS की तैयारी कर रहे हैं, तो यह रिपोर्ट आपके लिए बहुत काम की है।
साथ ही, Mains एग्जाम में answer writing के दौरान ये प्रमाणित आंकड़े आपके उत्तर को बहुत प्रभावशाली बना सकते हैं।
नीति आयोग ने जारी किया SDG India Index 2026: केरल फिर से नंबर वन
अभी हाल ही में, नीति आयोग ने सस्टेनेबल डेवलपमेंट गोल्स (SDG) इंडिया इंडेक्स का अपना नया संस्करण जारी किया है।
सरल शब्दों में कहें तो यह रिपोर्ट स्वास्थ्य, शिक्षा और जलवायु परिवर्तन जैसे अहम मुद्दों पर राज्यों का प्रदर्शन बताती है। इसके साथ ही, यह महिलाओं की स्थिति (लैंगिक समानता) का भी सटीक आकलन करती है।
पिछले 24 घंटों की खबरों में यह SDG Index 2026 सबसे ज्यादा चर्चा में रहा। आखिर इसका मुख्य कारण क्या है?
कारण यह है कि यही रिपोर्ट भारत के Vision 2047 के तहत हमारे राष्ट्रीय विकास की दिशा तय करती है।
इस बार सरकार का पूरा फोकस इस बात पर है कि राज्यों के बीच विकास को लेकर एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा (Competitive Federalism) हो।
परिणामस्वरूप, इंडेक्स में राज्यों को उनके बेहतरीन काम के हिसाब से एस्पिरेंट, परफॉर्मर, फ्रंट-रनर और अचीवर जैसी श्रेणियों में बांटा गया है।
Key Highlights
- केरल ने 80+ के शानदार स्कोर के साथ लगातार अपनी टॉप रैंक मजबूती से बनाए रखी है।
- बिहार और झारखंड ने इस साल गजब का सुधार दिखाया है। नतीजतन, इन्होंने सबसे तेजी से सुधार करने वाले राज्यों की लिस्ट में जगह पक्की कर ली है।
- पर्यावरण को बचाने और Clean Energy के मानकों पर गुजरात और तमिलनाडु का काम काबिले तारीफ रहा।
- एक सबसे खास बात यह है कि इस बार Data Governance और AI-आधारित मॉनिटरिंग को पहली बार स्कोरिंग का हिस्सा बनाया गया है।
इस इंडेक्स का असल मकसद क्या है?
इस SDG India Index का मुख्य उद्देश्य राज्यों के बीच मिल-जुलकर आगे बढ़ने की भावना को मजबूत करना है।
इससे नीति बनाने वालों को जमीनी स्तर पर डेटा आधारित फैसले (Data-driven decisions) लेने में मदद मिलती है। इसके अलावा, यह 2030 के वैश्विक एजेंडे के हिसाब से नीतियां तैयार करने में सहायक है।
आपके एग्जाम के लिए यह क्यों जरूरी है?
UPSC GS Paper 2 (Governance) और GS Paper 3 (Economic Development) के लिए यह रिपोर्ट एक दम सटीक स्रोत है।
Mains परीक्षा में जब आपसे समावेशी विकास (Inclusive Growth) पर सवाल पूछा जाए, तो आप इस प्रमाणित डेटा का सीधा इस्तेमाल कर सकते हैं।
Static GK Connect
- संस्था: नीति आयोग (NITI Aayog)
- स्थापना: 1 जनवरी 2015 (योजना आयोग के स्थान पर)
- अध्यक्ष: भारत के प्रधानमंत्री (नरेंद्र मोदी)
- वैश्विक लक्ष्य: संयुक्त राष्ट्र (UN) द्वारा 2015 में 17 SDGs को Agenda 2030 के तहत अपनाया गया था।
Current Affairs MCQs
Q1. SDG India Index 2026 के अनुसार किस राज्य ने शीर्ष स्थान प्राप्त किया है?
a) गुजरात
b) तमिलनाडु
c) केरल ✅
d) महाराष्ट्र
Q2. नीति आयोग का पदेन अध्यक्ष (Ex-officio Chairman) कौन होता है?
a) वित्त मंत्री
b) प्रधानमंत्री ✅
c) राष्ट्रपति
d) नीति आयोग के CEO
Q3. संयुक्त राष्ट्र द्वारा अपनाए गए सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) की कुल संख्या कितनी है?
a) 15
b) 17 ✅
c) 20
d) 21
Science and Technology Current Affairs

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के ऐतिहासिक गगनयान मिशन (Gaganyaan Mission) ने सफलता की एक और बड़ी कहानी लिख दी है।
यह भारत का पहला ऐसा मिशन है जिसमें इंसानों को सुरक्षित अंतरिक्ष में भेजा जाएगा।
निश्चित रूप से, इससे अंतरिक्ष अन्वेषण (Space Exploration) की दुनिया में भारत का दबदबा और भी बढ़ जाएगा।
ISRO की बड़ी कामयाबी: गगनयान का अंतिम मानवरहित कक्षीय परीक्षण एकदम सफल
आज की ताज़ा रिपोर्ट के मुताबिक, ISRO ने गगनयान मिशन के तहत अपना आखिरी मानवरहित कक्षीय उड़ान परीक्षण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है।
यह महत्वपूर्ण कदम इसलिए जरूरी था ताकि क्रू मॉड्यूल (Crew Module) और सर्विस मॉड्यूल के धरती पर सुरक्षित लौटने की पक्की जांच की जा सके।
इस शानदार कामयाबी ने आने वाले क्रू मिशन (Crewed Mission) का रास्ता पूरी तरह से साफ कर दिया है।
आपको बता दें कि यह विशेष परीक्षण LVM3 (Launch Vehicle Mark-3) रॉकेट के जरिए किया गया था।
उड़ान के दौरान एडवांस थर्मल प्रोटेक्शन सिस्टम और पैराशूट डिप्लॉयमेंट (Parachute Deployment) की बारीकी से चेकिंग की गई।
सच कहें तो, यह अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत की एक बहुत बड़ी और ऐतिहासिक छलांग है।
Key Highlights
- इस परीक्षण उड़ान ने 400 किलोमीटर की लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) में स्थापित होकर धरती पर सुरक्षित वापसी की है।
- क्रू मॉड्यूल की सुरक्षित स्प्लैशडाउन (Splashdown) प्रक्रिया बंगाल की खाड़ी में पूरी तरह से सफल रही।
- क्या आप जानते हैं? इस मिशन में व्योममित्र (Vyommitra) नाम के एक ह्यूमनॉइड रोबोट का भी टेस्ट किया गया। इसने अहम माइक्रोग्रैविटी डेटा इकट्ठा किया है।
- इस सफल परीक्षण के ठीक बाद, भारतीय वायुसेना (IAF) के चुने गए एस्ट्रोनॉट्स की फाइनल ट्रेनिंग भी शुरू कर दी गई है।
गगनयान मिशन इतना खास क्यों है?
गगनयान की सफलता के बाद भारत, अंतरिक्ष में इंसान भेजने वाला दुनिया का चौथा देश बन जाएगा। इससे पहले अमेरिका, रूस और चीन यह कारनामा कर चुके हैं।
यह उपलब्धि न केवल भारत की तकनीकी ताकत को बढ़ाएगी, बल्कि भविष्य के डीप स्पेस मिशन का रास्ता भी खोलेगी। साथ ही, यह भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन बनाने में भी मदद करेगा।
इसमें LVM3 रॉकेट का क्या रोल है?
Launch Vehicle Mark-3 (LVM3), जिसे हम पहले GSLV Mk-III के नाम से जानते थे, ISRO का सबसे भारी रॉकेट है।
इसे खास तौर पर भारी पेलोड को कक्षा में ले जाने के लिए ही डिज़ाइन किया गया है।
यही वह शक्तिशाली रॉकेट है जो गगनयान के एस्ट्रोनॉट्स को सुरक्षित अंतरिक्ष में ले जाएगा।
Static GK Connect
- नोडल एजेंसी: अंतरिक्ष विभाग (Department of Space)
- ISRO की स्थापना: 15 अगस्त 1969
- मुख्यालय: बेंगलुरु (कर्नाटक)
- संवैधानिक प्रावधान: अनुच्छेद 51A(h) (वैज्ञानिक दृष्टिकोण और ज्ञानार्जन की भावना का विकास करना हमारा मौलिक कर्तव्य है)।
Current Affairs MCQs
Q1. गगनयान मिशन के तहत अंतरिक्ष में भेजे जाने वाले ह्यूमनॉइड रोबोट का नाम क्या है?
a) प्रज्ञान
b) व्योममित्र ✅
c) अंतरिक्ष-मानव
d) गगन-रोबोट
Q2. गगनयान मिशन के लिए ISRO द्वारा किस लॉन्च व्हीकल (Rocket) का उपयोग किया जा रहा है?
a) PSLV-C52
b) LVM3 ✅
c) SSLV-D2
d) GSLV Mk-II
Q3. क्रू मॉड्यूल का सुरक्षित स्प्लैशडाउन (Splashdown) किस जल निकाय में किया गया?
a) अरब सागर
b) हिंद महासागर
c) बंगाल की खाड़ी ✅
d) मन्नार की खाड़ी
Economy Current Affairs

भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) अब सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी (CBDC) यानी ई-रुपया (e-Rupee) का दायरा काफी तेजी से बढ़ा रहा है।
यह डिजिटल पेमेंट सिस्टम में एक ऐसा क्रांतिकारी बदलाव है, जो आने वाले समय में बैंकिंग व्यवस्था को पूरी तरह बदल देगा।
RBI ने शुरू किया e-Rupee का क्रॉस-बॉर्डर ट्रांजैक्शन पायलट प्रोजेक्ट
फिलहाल में रिज़र्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने एक बड़ा और अहम कदम उठाया है। बैंक ने अपनी डिजिटल करेंसी (e-Rupee) के उपयोग को रिटेल और होलसेल सेगमेंट से काफी आगे बढ़ा दिया है।
अब इसे क्रॉस-बॉर्डर रेमिटेंस (Cross-border remittances) के लिए एक नए पायलट प्रोजेक्ट के रूप में आधिकारिक तौर पर लॉन्च किया गया है।
आसान भाषा में समझें तो, यह पहल आयात-निर्यात सेटलमेंट को बहुत आसान बनाएगी। साथ ही, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पैसे भेजने की प्रक्रिया को सस्ता, पारदर्शी और बहुत तेज़ भी बनाएगी।
ग्लोबल इकोनॉमी में डॉलर पर हमारी निर्भरता को कम करने (De-dollarisation) की दिशा में यह एक शानदार कदम है। इसके अलावा, यह भारतीय रुपये को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने में मदद करेगा।
निश्चित रूप से, इन सभी प्रयासों से हमारी राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था और ज्यादा मजबूत होगी।
Key Highlights
- इस महत्वाकांक्षी पायलट प्रोजेक्ट में UAE और सिंगापुर के केंद्रीय बैंकों के साथ खास तकनीकी एकीकरण किया गया है।
- यह पूरा सिस्टम पूरी तरह से ब्लॉकचेन (Blockchain) तकनीक और डिस्ट्रिब्यूटेड लेजर टेक्नोलॉजी (DLT) पर मजबूती से आधारित है।
- इसका सबसे बड़ा सीधा फायदा यह होगा कि विदेश में रहने वाले भारतीयों द्वारा देश में पैसे भेजने पर लगने वाली भारी-भरकम ट्रांजैक्शन फीस में काफी कमी आएगी।
- इस नई उन्नत प्रणाली के तहत सेटलमेंट रीयल-टाइम (Real-time) में होगा, जिससे बैंकिंग के लंबे प्रोसेस का कीमती समय बचेगा।
डिजिटल रुपये का स्ट्रक्चर कैसा है?
e-Rupee असल में हमारी कागजी मुद्रा (Fiat currency) का ही एक विशुद्ध डिजिटल रूप है। इसे भारत सरकार का पूरा कानूनी समर्थन प्राप्त है।
यह क्रिप्टोकरेंसी (Cryptocurrency) से बिल्कुल अलग है क्योंकि इसका मूल्य बाजार के हिसाब से ऊपर-नीचे नहीं होता है।
लीगल टेंडर (Legal Tender) होने के नाते, यह RBI की बैलेंस शीट में स्पष्ट रूप से एक देयता (Liability) के रूप में दर्ज होता है।
बैंकिंग एग्जाम्स के लिए यह क्यों प्रासंगिक है?
IBPS, SBI, और RBI Grade B जैसी अहम परीक्षाओं के लिए Banking Current Affairs और CBDC एक बहुत ही जरूरी टॉपिक है।
एक स्टूडेंट के तौर पर आपको CBDC-R (Retail) और CBDC-W (Wholesale) के बीच के तकनीकी और वैधानिक अंतर को अच्छे से समझना चाहिए।
Static GK Connect
- संस्था: भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI)
- स्थापना: 1 अप्रैल 1935 (RBI Act 1934 के तहत)
- राष्ट्रीयकरण: 1 जनवरी 1949
- संबंधित अधिनियम: विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (FEMA), 1999 (विदेशी मुद्रा लेनदेन के लिए)।
Current Affairs MCQs
Q1. e-Rupee (CBDC) को निम्नलिखित में से किस तकनीक पर विकसित किया गया है?
a) क्लाउड कंप्यूटिंग
b) डिस्ट्रिब्यूटेड लेजर टेक्नोलॉजी (DLT) ✅
c) क्वांटम कंप्यूटिंग
d) इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT)
Q2. निम्नलिखित में से कौन सा कथन CBDC के संदर्भ में सही है?
a) यह एक विकेंद्रीकृत क्रिप्टोकरेंसी है।
b) यह RBI की बैलेंस शीट में एक संपत्ति (Asset) है।
c) यह कागजी मुद्रा का डिजिटल रूप और लीगल टेंडर है। ✅
d) इसका उपयोग केवल घरेलू लेनदेन में हो सकता है।
Q3. विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (FEMA) किस वर्ष लागू किया गया था?
a) 1991
b) 1999 ✅
c) 2005
d) 2016
Environment Current Affairs

भारत में गैर-जीवाश्म ईंधन (Non-fossil fuel) पर आधारित ऊर्जा क्षमता का विस्तार जिस तेजी से हो रहा है, वह वाकई शानदार और प्रेरणादायक है।
जलवायु परिवर्तन (Climate Change) जैसी गंभीर ग्लोबल समस्या से निपटने के लिए भारत सरकार के अक्षय ऊर्जा लक्ष्य आपके एग्जाम्स के लिए हमेशा एक हॉट टॉपिक रहते हैं।
भारत ने रचा इतिहास: 250 GW नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता का लक्ष्य किया हासिल
हाल ही में नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय की एक बेहद सकारात्मक और ताज़ा रिपोर्ट सामने आई है।
इस आधिकारिक रिपोर्ट के अनुसार, भारत ने 250 गीगावाट (GW) गैर-जीवाश्म ईंधन ऊर्जा क्षमता का ऐतिहासिक आंकड़ा पार कर लिया है।
जैसा कि हम सभी अच्छे से जानते हैं, भारत ने अपने पंचामृत (Panchamrit) संकल्पों के तहत 2030 तक 500 GW स्वच्छ ऊर्जा क्षमता हासिल करने का एक बड़ा लक्ष्य रखा है।
आज के समय में सौर ऊर्जा (Solar Energy) और पवन ऊर्जा (Wind Energy) के क्षेत्र में तेजी से काम हो रहा है। इसी की बदौलत हमने इस उपलब्धि को समय से पहले ही हासिल कर लिया है।
यह भारत के ग्रीन एनर्जी ट्रांजिशन (Green Energy Transition) के लंबे सफर का एक बहुत बड़ा माइलस्टोन है।
Key Highlights
- आपको जानकर काफी खुशी होगी कि इस 250 GW क्षमता में सबसे बड़ा योगदान सौर ऊर्जा (लगभग 55%) का है। इसके बाद जलविद्युत और पवन ऊर्जा का नंबर आता है।
- इस शानदार मामले में राजस्थान, गुजरात और कर्नाटक देश के सबसे बड़े नवीकरणीय ऊर्जा उत्पादक राज्य बनकर उभरे हैं।
- सरकार की PM-KUSUM योजना और National Green Hydrogen Mission जैसी बेहतरीन पहलों ने इस ग्रोथ को एक नई रफ्तार दी है।
- यह बेहतरीन अचीवमेंट भारत को वैश्विक जलवायु कूटनीति (Climate Diplomacy) में एक मजबूत लीडर के रूप में स्थापित करती है।
पंचामृत लक्ष्य और COP26 का कनेक्शन
याद है ना? भारत ने 2021 में ग्लासगो में आयोजित UNFCCC के COP26 सम्मेलन में पंचामृत (Panchamrit) की ऐतिहासिक घोषणा की थी।
इसमें 2030 तक हमारी अर्थव्यवस्था की कार्बन तीव्रता को 45% तक कम करना शामिल है। इसके अलावा, 2070 तक नेट-जीरो (Net-Zero) उत्सर्जन के बड़े लक्ष्य को पाना भी इसका अहम हिस्सा है।
पर्यावरण संरक्षण और हमारा संविधान
हमारे संविधान का अनुच्छेद 48A राज्य को पर्यावरण को बचाने और सुधारने का स्पष्ट निर्देश देता है।
यही नहीं, अनुच्छेद 51A(g) के तहत वनों, झीलों, नदियों और वन्यजीवों सहित प्राकृतिक पर्यावरण की रक्षा करना हम सभी नागरिकों का मौलिक कर्तव्य (Fundamental Duty) भी है।
Static GK Connect
- नोडल मंत्रालय: नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (MNRE)
- अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन (ISA): मुख्यालय – गुरुग्राम (हरियाणा), स्थापना – 2015
- महत्वपूर्ण संधि: पेरिस जलवायु समझौता (Paris Agreement) – 2015
Current Affairs MCQs
Q1. भारत ने किस वर्ष तक ‘नेट-जीरो’ (Net-Zero) उत्सर्जन का लक्ष्य रखा है?
a) 2030
b) 2050
c) 2070 ✅
d) 2080
Q2. भारतीय संविधान का कौन सा अनुच्छेद पर्यावरण संरक्षण से संबंधित मौलिक कर्तव्य का वर्णन करता है?
a) अनुच्छेद 48A
b) अनुच्छेद 51A(g) ✅
c) अनुच्छेद 21
d) अनुच्छेद 44
Q3. वर्तमान में भारत की नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में सर्वाधिक योगदान किस ऊर्जा स्रोत का है?
a) पवन ऊर्जा
b) जलविद्युत ऊर्जा
c) परमाणु ऊर्जा
d) सौर ऊर्जा ✅
Defence and International Current Affairs

भारतीय सेना और मित्र देशों के बीच होने वाले संयुक्त सैन्य अभ्यास (Joint Military Exercises) हमारी नेशनल डिफेंस स्ट्रेटेजी का बहुत अहम हिस्सा होते हैं।
हाल ही में एक बेहद महत्वपूर्ण बहुराष्ट्रीय अभ्यास संपन्न हुआ है। विशेष रूप से, इसका पूरा फोकस आधुनिक युद्ध तकनीकों, ड्रोन स्वार्मिंग और AI पर था।
भारत-फ्रांस संयुक्त सैन्य अभ्यास Shakti 2026: AI और साइबर युद्ध पर रहा खास फोकस
पिछले 24 घंटों की सबसे महत्वपूर्ण डिफेंस अपडेट की बात करें तो, भारत और फ्रांस की सेनाओं के बीच द्विवार्षिक संयुक्त सैन्य अभ्यास का नया संस्करण शुरू हो गया है।
इस अभ्यास का नाम शक्ति 2026 (Exercise Shakti) है, जो राजस्थान की महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में सफलतापूर्वक शुरू हुआ है।
इस साल के अभ्यास की सबसे खास बात यह है कि इसमें पारंपरिक युद्ध के तरीकों के साथ-साथ आधुनिक तकनीकों को भी शामिल किया गया है।
उदाहरण के लिए, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), ड्रोन स्वार्मिंग, और साइबर-स्पेस डोमेन में जॉइंट ऑपरेशन्स (Joint Operations) का विशेष रूप से अभ्यास किया जा रहा है।
यह संयुक्त अभ्यास भारत और फ्रांस की रणनीतिक साझेदारी को एक नए और आधुनिक लेवल पर ले जाता है।
निश्चित रूप से, आने वाले समय के भविष्य के युद्धों (Future Warfare) की चुनौतियों से निपटने में यह हमारे लिए बहुत मददगार साबित होगा।
Key Highlights
- यह अभ्यास संयुक्त राष्ट्र (UN) के मैंडेट के तहत आतंकवाद विरोधी अभियानों और हाइब्रिड वॉरफेयर पर खास तौर से केंद्रित है।
- भारतीय सेना की तरफ से राजपूताना राइफल्स (Rajputana Rifles) की एलीट टुकड़ी ने इस अभ्यास में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
- इस बार दोनों देशों की सेनाओं ने सब-कन्वेंशनल स्थितियों में इंटेलिजेंस शेयरिंग और सामरिक युद्धाभ्यास की जोरदार प्रैक्टिस की।
- आपको बता दें कि फ्रांस के साथ भारत दो और प्रमुख अभ्यास करता है: वरुण (Naval) और गरुड़ (Air Force), परीक्षा के लिए इन्हें भी जरूर याद रखें।
आधुनिक युद्ध में AI की क्या भूमिका है?
आज के समय में भू-राजनीतिक हालात बहुत तेजी से बदल रहे हैं।
ऐसे में AI और मशीन लर्निंग का उपयोग रीयल-टाइम डेटा विश्लेषण और ऑटोमैटिक हथियारों को चलाने में बड़े पैमाने पर हो रहा है।
शक्ति 2026 में इन एडवांस तकनीकों को एक साथ काम में लेने (Interoperability) का यह परीक्षण दोनों देशों के लिए बहुत बड़ी बात है।
भारत-फ्रांस के रणनीतिक रिश्ते कैसे हैं?
भारत और फ्रांस की रणनीतिक साझेदारी काफी पुरानी है, जिसकी शुरुआत 1998 में हुई थी।
रक्षा क्षेत्र में देखें तो, राफेल लड़ाकू विमानों की डील और प्रोजेक्ट 75 (स्कॉर्पीन श्रेणी की पनडुब्बियों का निर्माण) हमारी पक्की दोस्ती के साफ सबूत हैं।
इंडो-पैसिफिक क्षेत्र (Indo-Pacific Region) में समुद्री सुरक्षा को बनाए रखने के लिए फ्रांस, भारत का एक बेहद भरोसेमंद साथी है।
Static GK Connect
- नोडल मंत्रालय: रक्षा मंत्रालय (Ministry of Defence), नई दिल्ली
- भारतीय सेना दिवस: 15 जनवरी
- संविधान: अनुच्छेद 51 (अंतर्राष्ट्रीय शांति और सुरक्षा को बढ़ावा देना)।
- अन्य अभ्यास: सूर्य किरण (नेपाल), सम्प्रति (बांग्लादेश), मित्र शक्ति (श्रीलंका)।
Current Affairs MCQs
Q1. द्विवार्षिक संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘शक्ति’ भारत और किस देश के बीच आयोजित किया जाता है?
a) संयुक्त राज्य अमेरिका
b) रूस
c) फ्रांस ✅
d) जापान
Q2. भारत और फ्रांस के बीच होने वाले नौसेना अभ्यास (Naval Exercise) का क्या नाम है?
a) गरुड़
b) वरुण ✅
c) इंद्र
d) सिम्बेक्स
Q3. भारतीय संविधान का कौन सा अनुच्छेद अंतर्राष्ट्रीय शांति और सुरक्षा को बढ़ावा देने का निर्देश देता है?
a) अनुच्छेद 49
b) अनुच्छेद 50
c) अनुच्छेद 51 ✅
d) अनुच्छेद 52