🏦 अर्थव्यवस्था (Economy) करंट अफेयर्स 2026

📌 क्या आपकी EMI कम होगी? जानिए क्यों RBI ने रेपो रेट को 5.25% पर ही रोका
साथियों, यदि आप 9 April 2026 Current Affairs in Hindi की तलाश में हैं, तो आज की सबसे बड़ी खबर बैंकिंग क्षेत्र से है। अगर आप उम्मीद कर रहे थे कि इस बार लोन सस्ता होगा, तो फिलहाल आपको थोड़ा इंतज़ार करना पड़ेगा क्योंकि हाल ही में भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति बैठक संपन्न हुई है।
गवर्नर संजय मल्होत्रा की अगुवाई वाली मौद्रिक नीति समिति (MPC) ने अपनी ताज़ा बैठक में रेपो रेट (Repo Rate) को 5.25% पर बरकरार रखने का फैसला किया है। इसके परिणामस्वरूप, होम लोन और कार लोन की EMI में तत्काल कमी की संभावना कम हो गई है।
अब आप सोच रहे होंगे कि ऐसा क्यों हुआ? असल में, दुनिया भर में चल रहे भू-राजनीतिक तनावों और खास तौर पर पश्चिम एशिया के हालातों की वजह से वैश्विक बाजार में कीमतें बढ़ी हैं।
कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतें काफी बढ़ रही हैं। ऐसे में महंगाई यानी मुद्रास्फीति (Inflation) को 4% के दायरे में रखना RBI के लिए एक बड़ी चुनौती साबित हो रही है।
सरकार और केंद्रीय बैंक की निरंतर कोशिश है कि देश की विकास की रफ्तार भी बनी रहे और आम आदमी की जेब पर महंगाई का बोझ भी न बढ़े। यह संतुलन बनाए रखना देश की आर्थिक स्थिरता के लिए बहुत ज़रूरी है।
⏬ मुख्य बातें (Key Highlights):
- ✴️ ब्याज दरें और विकास की रफ्तार: गवर्नर संजय मल्होत्रा ने साफ़ कर दिया है कि फिलहाल ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं होगा। हालांकि, भारतीय अर्थव्यवस्था अन्य वैश्विक शक्तियों की तुलना में मजबूती से आगे बढ़ रही है।
- वित्त वर्ष 2026-27 के लिए भारत की जीडीपी (GDP) विकास दर का अनुमान 6.9% लगाया गया है, जो दुनिया के बाकी विकसित देशों के मुकाबले काफी बेहतर स्थिति में है।
- ✴️ महंगाई का नया लक्ष्य: क्या आप जानते हैं कि कच्चे तेल की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल के पार जाने का डर बना हुआ है? इसी अनिश्चितता की वजह से आर्थिक चुनौतियां बढ़ी हैं।
- RBI ने उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) आधारित महंगाई के लक्ष्य को 4.6% पर रखा है। बैंक का स्पष्ट मानना है कि जब तक महंगाई पूरी तरह काबू में नहीं आती, दरों में कटौती करना जोखिम भरा होगा।
📚 Static GK Connect:
- मुख्यालय (HQ): भारतीय रिजर्व बैंक का मुख्य कार्यालय मुंबई, महाराष्ट्र में स्थित है।
- इतिहासिक संदर्भ: क्या आपको पता है कि RBI की स्थापना 1 अप्रैल 1935 को हुई थी? यह हिल्टन यंग कमीशन की महत्वपूर्ण सिफारिशों पर ‘RBI अधिनियम, 1934’ के जरिए बनाया गया था।
🎯 Current Affairs MCQ:
🤔 Q1. अप्रैल 2026 की समीक्षा में RBI ने रेपो रेट (Repo Rate) को कितने प्रतिशत पर स्थिर रखा है?
a) 5.00%
b) 6.25%
c) 5.25% ✅
d) 4.75%
🤔 Q2. भारतीय रिजर्व बैंक की स्थापना किस समिति या कमीशन की सिफारिश पर की गई थी?
a) नरसिम्हन समिति
b) हिल्टन यंग कमीशन ✅
c) तेंदुलकर समिति
d) राजा चेलैया समिति
🤔 Q3. वर्तमान में RBI के गवर्नर कौन हैं जिन्होंने 2026 की पहली मौद्रिक नीति पेश की?
a) शक्तिकांत दास
b) संजय मल्होत्रा ✅
c) उर्जित पटेल
d) विमल जालान
🚀 विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी (Science & Tech) करंट अफेयर्स

📌 गगनयान की ‘सखी’: अंतरिक्ष में इसरो का नया और स्मार्ट साथी
दोस्तों, भारत बहुत जल्द अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में इतिहास रचने वाला है! भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के अध्यक्ष वी. नारायणन ने हाल ही में बेंगलुरु के एक बड़े सम्मेलन में गगनयान मिशन (Gaganyaan Mission) को लेकर एक शानदार जानकारी साझा की है।
उन्होंने बताया कि फिलहाल इसरो अपने पहले मानवरहित यानी अनक्रूड (Uncrewed) मिशन की तैयारी पूरी कर चुका है। यह मिशन भारत के लिए ‘गेम चेंजर’ साबित हो सकता है।
इस मिशन का असली मकसद यह देखना है कि हमारा स्वदेशी रॉकेट और क्रू मॉड्यूल अंतरिक्ष से सुरक्षित तरीके से पृथ्वी पर वापस लौट पाते हैं या नहीं। यह तकनीकी परीक्षण सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है।
भारत का सपना 2027 तक अंतरिक्ष में मानव भेजने का है। यदि हम इसमें सफल होते हैं, तो हम दुनिया के चौथे ऐसे गौरवशाली देश बन जाएंगे जो अपने दम पर मानव अंतरिक्ष यात्रा करा सकेंगे।
⏬ मुख्य बातें (Key Highlights):
- ✴️ डिजिटल असिस्टेंट ‘सखी’ (SAKHI): क्या आपने कभी सोचा है कि अंतरिक्ष के शून्य में अकेलेपन और जटिल तकनीकी समस्याओं से हमारे एस्ट्रोनॉट्स कैसे निपटेंगे? इसके लिए ‘सखी’ को विशेष रूप से तैयार किया गया है।
- इसरो ने ‘सखी’ (SAKHI) नाम का एक उन्नत एआई-पावर्ड (AI-based) डिजिटल सहायक बनाया है। यह ‘सखी’ अंतरिक्ष यात्रियों की सेहत पर पल-पल नज़र रखेगी और तकनीकी संकट के समय उन्हें सही सलाह भी देगी।
- ✴️ सुरक्षा सबसे पहले: इस मानवरहित मिशन के दौरान इसरो यह टेस्ट करेगा कि बंगाल की खाड़ी या अरब सागर में लैंडिंग के समय क्रू मॉड्यूल को सुरक्षित कैसे निकाला जाए।
- वैज्ञानिकों ने साफ़ कहा है कि हमारे लिए भारतीय जांबाजों की जान सबसे कीमती है। इसलिए पूरी तकनीक को कई बार सिम्युलेट और जांचा जा रहा है ताकि अंतरिक्ष की कक्षा में कोई गलती न हो।
📚 Static GK Connect:
- मुख्यालय (HQ): इसरो का हेडक्वार्टर बेंगलुरु, कर्नाटक में है।
- रॉकेट की ताकत: गगनयान मिशन में शक्तिशाली LVM3 (Launch Vehicle Mark 3) का इस्तेमाल होगा। याद रखिये, इसे पहले GSLV Mk III के नाम से जाना जाता था।
🎯 Current Affairs MCQ:
🤔 Q1. गगनयान मिशन में अंतरिक्ष यात्रियों की मदद के लिए बनाए गए AI डिजिटल सहायक का नाम क्या है?
a) गगन
b) सखी ✅
c) रोशनी
d) माया
🤔 Q2. इसरो द्वारा गगनयान मिशन के लिए किस शक्तिशाली लॉन्च वाहन (Launch Vehicle) का उपयोग किया जा रहा है?
a) PSLV-XL
b) LVM3 ✅
c) GSLV Mk II
d) ASLV
🤔 Q3. इसरो (ISRO) के वर्तमान अध्यक्ष कौन हैं जिन्होंने गगनयान पर नया अपडेट दिया है?
a) एस. सोमनाथ
b) वी. नारायणन ✅
c) के. सिवन
d) ए.एस. किरण कुमार
⚖️ न्यायपालिका (Judiciary) करंट अफेयर्स 2026

📌 धर्म, आस्था और कानून: सुप्रीम कोर्ट ने कही ‘तर्क’ पर बड़ी बात
साथियों, धर्म और कानून के बीच का संबंध हमारे लोकतंत्र में हमेशा चर्चा का विषय रहता है। हाल ही में भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत ने एक ऐतिहासिक सुनवाई के दौरान बड़ी टिप्पणी की है।
उनकी अगुवाई वाली 9 जजों की संवैधानिक बेंच ने सबरीमाला मंदिर से जुड़े केस में एक बहुत ही गहरी कानूनी बात कही है। अदालत ने स्पष्ट किया कि धर्म और विश्वास को हमेशा ‘तर्क’ (Logic) की तराजू पर नहीं तोला जा सकता।
अदालत का आशय यह है कि न्यायपालिका को सामाजिक सुधार के नाम पर किसी भी धर्म की बुनियादी पहचान के साथ अनावश्यक छेड़छाड़ करने से बचना चाहिए। यह मामला व्यक्तिगत आस्था से गहराई से जुड़ा है।
यह पूरा मामला इस बुनियादी बात पर टिका है कि आखिर धार्मिक आजादी (Article 25) और संवैधानिक नैतिकता (Constitutional Morality) के बीच सही तालमेल कैसे बिठाया जाए।
⏬ मुख्य बातें (Key Highlights):
- ✴️ आस्था और नैतिकता की जंग: सुनवाई के दौरान यह अहम सवाल उठा कि क्या समाज की बदलती सोच के आधार पर प्राचीन धर्म के नियमों को बदला जाना चाहिए?
- जस्टिस बी.वी. नागरथना ने कहा कि धर्म के मूल दर्शन को समझना अत्यंत ज़रूरी है। इसके अतिरिक्त, केंद्र सरकार का भी मानना है कि धार्मिक सुधार धर्म के भीतर से ही आने चाहिए।
- ✴️ अंधविश्वास और अदालत का दखल: सुनवाई के दौरान ‘अधिग्रहीत क्षेत्र के सिद्धांत’ पर भी चर्चा हुई। इसका सरल अर्थ है कि जहाँ कानून चुप है वहां कोर्ट की क्या भूमिका होनी चाहिए?
- अदालत इस बात पर विचार कर रही है कि यदि कोई प्रथा सार्वजनिक स्वास्थ्य या समाज के लिए खतरनाक है, तो क्या सुप्रीम कोर्ट को स्वतः हस्तक्षेप करना चाहिए?
📚 Static GK Connect:
- अनुच्छेद 25 (Article 25): भारतीय संविधान हर नागरिक को अपने धर्म को मानने, आचरण करने और उसका प्रचार करने की पूरी आजादी देता है।
- CJI: वर्तमान में भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायूमूर्ति सूर्यकांत हैं।
🎯 Current Affairs MCQ:
🤔 Q1. आवश्यक धार्मिक प्रथाओं की सुनवाई कर रही सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक पीठ में कुल कितने न्यायाधीश हैं?
a) 5
b) 7
c) 9 ✅
d) 11
🤔 Q2. भारतीय संविधान का कौन सा अनुच्छेद धर्म को मानने और उसका प्रचार करने की स्वतंत्रता देता है?
a) अनुच्छेद 19
b) अनुच्छेद 21
c) अनुच्छेद 25 ✅
d) अनुच्छेद 44
🤔 Q3. वर्तमान में हमारे देश के मुख्य न्यायाधीश (CJI) कौन हैं?
a) न्यायमूर्ति संजीव खन्ना
b) न्यायमूर्ति सूर्यकांत ✅
c) न्यायमूर्ति चंद्रचूड़
d) न्यायमूर्ति यू.यू. ललित
☢️ ऊर्जा एवं पर्यावरण (Energy & Environment)

📌 कल्पक्कम की कामयाबी: भारत अब थोरियम से बिजली बनाने के करीब!
दोस्तों, भारत ने परमाणु ऊर्जा के क्षेत्र में एक ऐसा अद्भुत कारनामा कर दिखाया है जिससे हमारी बिजली की समस्या भविष्य में हमेशा के लिए खत्म हो सकती है। यह वैज्ञानिक जगत में भारत के बढ़ते कद का प्रमाण है।
तमिलनाडु के कल्पक्कम में भारत के पहले स्वदेशी प्रोटोटाइप फास्ट ब्रीडर रिएक्टर (PFBR) ने ‘क्रिटिकैलिटी’ (Criticality) प्राप्त कर ली है। पत्र सूचना कार्यालय (PIB) के अनुसार, यह परमाणु कार्यक्रम में एक मील का पत्थर है।
सरल शब्दों में कहें तो रिएक्टर ने नियंत्रित तरीके से बिजली पैदा करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रधानमंत्री ने इसे ‘आत्मनिर्भर भारत’ की एक गौरवशाली जीत बताया है।
यह भारत के तीन-चरणीय परमाणु कार्यक्रम का दूसरा सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव है। इससे न केवल ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित होगी बल्कि कोयले पर हमारी निर्भरता भी काफी हद तक कम हो जाएगी।
⏬ मुख्य बातें (Key Highlights):
- ✴️ यह रिएक्टर इतना खास क्यों है? क्या आप विश्वास करेंगे कि यह रिएक्टर जितना ईंधन इस्तेमाल करता है, उससे कहीं अधिक ईंधन पैदा कर देता है?
- इसे ‘ब्रीडर’ इसीलिए कहते हैं क्योंकि यह बिजली बनाने के साथ-साथ प्लूटोनियम भी बनाता है। इसमें कूलेंट के रूप में पानी के बजाय तरल सोडियम (Liquid Sodium) का उपयोग किया जाता है।
- ✴️ बिजली की क्षमता और भविष्य: इस कल्पक्कम प्लांट की कुल क्षमता 500 मेगावाट (MWe) है। इसे ‘भाविनी’ (BHAVINI) नामक सरकारी संस्था द्वारा संचालित किया जा रहा है।
- इस सफलता का सबसे बड़ा लाभ यह है कि भारत अब अपने पास मौजूद थोरियम के विशाल भंडार का उपयोग कर सकेगा, जो कोयले का एक स्वच्छ और सुरक्षित विकल्प बनेगा।
📚 Static GK Connect:
- नोडल विभाग: परमाणु ऊर्जा विभाग (DAE) का मुख्य कार्यालय मुंबई में है।
- परमाणु कार्यक्रम के जनक: भारत में परमाणु विज्ञान की नींव डॉ. होमी जहांगीर भाभा ने रखी थी। उन्हें ही इस महान कार्यक्रम का जनक माना जाता है।
🎯 Current Affairs MCQ:
🤔 Q1. हाल ही में किस स्थान पर स्थित परमाणु रिएक्टर ने सफलतापूर्वक ‘क्रिटिकैलिटी’ प्राप्त की है?
a) तारापुर (महाराष्ट्र)
b) कल्पक्कम (तमिलनाडु) ✅
c) नरोरा (उत्तर प्रदेश)
d) रावतभाटा (राजस्थान)
🤔 Q2. भारतीय परमाणु कार्यक्रम के जनक (Father of Nuclear Program) किन्हें माना जाता है?
a) डॉ. विक्रम साराभाई
b) डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम
c) डॉ. होमी जहांगीर भाभा ✅
d) सतीश धवन
🤔 Q3. कल्पक्कम रिएक्टर (PFBR) को कार्यान्वित करने वाली सरकारी संस्था का नाम क्या है?
a) ISRO
b) NPCIL
c) BHAVINI ✅
d) DRDO
🌍 अंतर्राष्ट्रीय (International) करंट अफेयर्स 2026

📌 एक बड़ी राहत: अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते का युद्धविराम
साथियों, दुनिया भर में बढ़ते युद्ध के खतरों के बीच 9 April 2026 Current Affairs in Hindi में एक राहत भरी खबर आई है। पाकिस्तान की कूटनीतिक मध्यस्थता के बाद एक बड़ा अंतर्राष्ट्रीय समझौता हुआ है।
अमेरिका और ईरान दो हफ्ते के लिए युद्धविराम (Ceasefire) पर सहमत हो गए हैं। यह महत्वपूर्ण फैसला होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में बढ़ते तनाव के बीच आया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह समुद्री रास्ता बंद हो जाता, तो पूरी दुनिया में तेल की कीमतें अनियंत्रित होकर आसमान छूने लगतीं। इस अस्थायी समझौते से फिलहाल एक बड़े युद्ध का खतरा टल गया है।
आने वाले दिनों में तेल की सप्लाई सामान्य होने की उम्मीद है, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था और भारतीय शेयर बाजार को भी बड़ी राहत मिलने के संकेत हैं।
⏬ मुख्य बातें (Key Highlights):
- ✴️ होर्मुज जलडमरूमध्य की अहमियत: क्या आप जानते हैं कि वैश्विक कच्चे तेल का लगभग 20% हिस्सा इसी संकीर्ण समुद्री मार्ग से गुजरता है?
- इसे अंतर्राष्ट्रीय तेल व्यापार की ‘गर्दन’ (Choke point) कहा जाता है। युद्धविराम की सबसे बड़ी शर्त यह है कि इस मार्ग को व्यापारिक जहाजों के लिए पूरी तरह खुला रखा जाएगा।
- ✴️ भारत के लिए क्यों है यह जरूरी? भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का एक बड़ा हिस्सा खाड़ी देशों से आयात करता है। इसलिए इस क्षेत्र में शांति भारत के आर्थिक हितों के लिए अनिवार्य है।
- यदि खाड़ी देशों में स्थिरता रहती है, तो भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर रहेंगे और वहां काम करने वाले लाखों भारतीय प्रवासी भी सुरक्षित महसूस करेंगे।
📚 Static GK Connect:
- भौगोलिक स्थिति: होर्मुज जलडमरूमध्य फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी को आपस में जोड़ने वाला एक प्रमुख जलमार्ग है।
- ईरान की नई मुद्रा: याद रखिये, ईरान की आधिकारिक मुद्रा अब ‘तोमान’ (Toman) है, जिसने पुरानी रियाल की जगह ली है।
🎯 Current Affairs MCQ:
🤔 Q1. हाल ही में किन दो देशों के बीच युद्धविराम कराने में पाकिस्तान ने मध्यस्थ (Mediator) की भूमिका निभाई है?
a) रूस और यूक्रेन
b) इज़राइल और हमास
c) अमेरिका और ईरान ✅
d) भारत और चीन
🤔 Q2. ‘होर्मुज जलडमरूमध्य’ (Strait of Hormuz) किन दो महत्वपूर्ण जल निकायों को जोड़ता है?
a) लाल सागर और मृत सागर
b) फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी ✅
c) मन्नार की खाड़ी और बंगाल की खाड़ी
d) काला सागर और कैस्पियन सागर
🤔 Q3. ईरान की नई मुद्रा (Currency) का क्या नाम है जो हाल ही में परीक्षाओं में पूछी गई है?
a) दीनार
b) रियाल
c) तोमान ✅
d) टका